जय जिनेन्द्र 🙏
क्षेत्र का वार्षिक मेला, सन् १९९६ से प्रतिवर्ष पौष शुक्ल दशमी को।
मंगलवार, 29 दिसंबर 2026
Paush shukla 10
इस क्षेत्र का वर्ष का सबसे बड़ा समागम। प्रथम यात्रा ३१ दिसंबर १९९६ को मुनिश्री चिन्मयसागरजी एवं मुनिश्री अक्षयसागरजी के सान्निध्य में हुई, और तब से यह प्रतिवर्ष पौष शुक्ल दशमी को भरती है। आगे के वर्षों में मुनि श्री कुलंकरनंदी महाराज, आचार्य पद्मनंदी महाराज ससंघ एवं गुणनंदी महाराज माताजियों सहित का सान्निध्य मिला। मराठवाड़ा एवं उससे बाहर से भी यात्री आते हैं।
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जैन पर्व